30 अगस्त से 4 सितंबर तक बारिश की संभावना बनी रहेगी

UP Weather Update: उत्तर प्रदेश में हालिया मौसम ने राहत प्रदान की है, खासकर राजधानी लखनऊ और अन्य हिस्सों में। इस लेख में हम 30 अगस्त से लेकर 4 सितंबर तक के मौसम की संभावनाओं के बारे में विस्तार से जानकारी प्रदान करेंगे।
यूपी में मौजूदा मौसम की स्थिति
हाल ही में उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में अच्छी बारिश देखने को मिली है, जिससे तापमान में भी गिरावट आई है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने 30 अगस्त को प्रदेश के विभिन्न जिलों में हल्की से लेकर भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।
वर्तमान मौसम की स्थिति
लखनऊ और आसपास: राजधानी लखनऊ में तापमान में गिरावट आई है और बारिश का सिलसिला जारी है।
पश्चिमी यूपी: मेरठ, गाजियाबाद और अन्य हिस्सों में गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना है।
पूर्वी यूपी: कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है।
बारिश का सिलसिला
मौसम विशेषज्ञ अतुल कुमार सिंह के अनुसार, वर्तमान में एक्टिव वेदर सिस्टम कमजोर पड़ गया है और कम दबाव क्षेत्र दक्षिण की ओर खिसक गया है। इसके परिणामस्वरूप, बारिश की तीव्रता और क्षेत्रफल में कमी देखने को मिलेगी। हालांकि, 2 सितंबर से मानसून के फिर से सक्रिय होने की उम्मीद है, जिससे अच्छी बारिश की संभावना बनती है।
30 अगस्त से 4 सितंबर तक की भविष्यवाणी
पश्चिमी यूपी: कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश।
पूर्वी यूपी: जगह-जगह गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना।
31 अगस्त
पश्चिमी यूपी: गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है।
पूर्वी यूपी: कुछ स्थानों पर बारिश की उम्मीद।
1 और 2 सितंबर
पश्चिमी और पूर्वी यूपी: कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना।
3 सितंबर
पश्चिमी और पूर्वी यूपी: विभिन्न स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश संभव।
4 सितंबर
पश्चिमी और पूर्वी यूपी: कुछ स्थानों पर बारिश और गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने के आसार हैं।
लखीमपुर खीरी में बाढ़ की स्थिति
लखीमपुर खीरी जिले में घाघरा नदी का जलस्तर बढ़ गया है, जिससे क्षेत्रीय लोगों के घर और कृषि भूमि प्रभावित हो रही है। यह स्थिति गंभीर है और प्रशासन द्वारा राहत कार्य जारी है।
उत्तर प्रदेश में 30 अगस्त से 4 सितंबर तक बारिश का सिलसिला जारी रहेगा। पश्चिमी और पूर्वी यूपी के विभिन्न हिस्सों में गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना है। साथ ही, लखीमपुर खीरी में बाढ़ की स्थिति पर नजर रखी जा रही है। मौसम के बदलते मिजाज को ध्यान में रखते हुए, स्थानीय निवासियों को सतर्क रहने की सलाह दी जाती है।